अगर आपका लोन आवेदन बार-बार खारिज हो रहा है, तो तुरंत नए आवेदन करने के बजाय रिजेक्शन के मुख्य कारण समझना जरूरी है।
लोन रिजेक्ट होते ही अलग-अलग बैंकों या लोन ऐप्स में दोबारा अप्लाई न करें। पहले अपनी पात्रता और कमियों की पहचान करें।
बैंक यह देखते हैं कि नई किस्त चुकाने के बाद आपके पास खर्च बचेगा या नहीं। क्षमता से बड़ी रकम मांगने पर आवेदन रुक सकता है।
पुराने लोन या क्रेडिट कार्ड की EMI आपकी नई भुगतान क्षमता घटा देती हैं। बैंक आपकी कमाई और कुल किस्तों का अनुपात जांचते हैं।
क्रेडिट हिस्ट्री में देरी से भुगतान या आवेदन फॉर्म और दस्तावेजों की जानकारी में अंतर होने से भी बैंक लोन नामंजूर कर देते हैं।
नौकरी का प्रकार, कार्य अनुभव या तय आय जैसी पात्रता शर्तें हर बैंक की अलग होती हैं। शर्तें न मिलने पर भी लोन अटक सकता है।
रिजेक्शन की असली वजह ठीक करें, क्रेडिट स्कोर जांचें और जरूरत के हिसाब से सही लोन राशि तय करके ही अगला कदम उठाएं।
जिस बैंक के नियमों में आप पूरी तरह फिट बैठते हों, वहीं अप्लाई करें। किसी भी अनजान ऐप के पक्के अप्रूवल के दावों से सावधान रहें।
इस विषय की पूरी जानकारी जानने के लिए मुख्य आर्टिकल पढ़ें।
रिजेक्ट होने के बाद दोबारा आवेदन से पहले यह जरूरी देखें।
रिजेक्ट होने का कारण हर संस्था में अलग हो सकता है। उपलब्ध हो तो संस्था से कारण की जानकारी देखें।
यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी वित्तीय निर्णय से पहले विशेषज्ञ से सलाह लें।
कुछ और उपयोगी Stories नीचे देखें।